अभिनेता जितेंद्र

आलेख व प्रस्तुति – वीरेंद्र कौशिक

 

 

7 अप्रैल 1942 को पंजाब के अमृतसर में जि‍तेन्द्र का जन्म हुआ था । जितेन्द्र को  उनकी खास नृत्य शैली के लिए ज्यादा जाना जाता है।

वी शांताराम ने 1959 की फिल्म ‘नवरंग’ में डबल रोल में जि‍तेन्द्र को कास्ट किया.

जि‍तेन्द्र की पहली ब्लॉकबस्टर फिल्म 1970 की ‘कारवां’ थी

जि‍तेन्द्र का असली नाम ‘रवि कपूर’ है और डायरेक्टर वी शांताराम ने उनको ‘जितेंद्र’ नाम दिया था.

जि‍तेन्द्र एक ऐसे अभिनेता हैं जिन्होंने 200 से ज्यादा फिल्में लीड रोल में की हैं.

बॉलीवुड में जम्पिंग जैक के नाम से मशहूर रहे जितेन्द्र ने मेरे हुजूर, खुशबू, किनारा, नागिन, धरमवीर, कर्मयोगी, जानी दुश्मन, धर्मकांटा, जुदाई, मांग भरो सजना, एक ही भूल, सौतन की बेटी, मवाली, जिस्टस चौधरी, खुदगर्ज, आसमान से उंचा, मां जैसी बेहतरीन सुपरहिट फिल्में दीं।

साल 1983 से 1988 के बीच जि‍तेन्द्र और बप्पी दा ने 20 फिल्में की हैं जिनमें से 16 सिल्वर जुबली थी.  जब 80 के दशक में जि‍तेन्द्र साउथ के प्रोड्यूसर्स के साथ काम करते थे तो इनका ग्रुप ‘जि‍तेन्द्र – बप्पी- किशोर -आशा’ के नाम से फेमस था.

गुलजार की फिल्म परिचय, किनारा और खुशबु ने उन्हें एक अलग पहचान दी।

जवानी के दिनों में बॉलीवुड की ड्रीम गर्ल हेमा मालिनी से भी उनका नाम जुड़ा। लेकिन शोले में पानी की टंकी पर चढ कर भांजी मारने की दुहाई देने वाले धरम पाजी ने असल जिंदगी में उस समय जितेन्द्र की बचपन की दोस्त शोभा से इस बात की चुगली कर दी थी और जीतू की हेमा से शादी का मामला गड़बड़ा गया और बाद में जितेन्द्र ने शोभा से ब्याह रचा लिया ।

वें Balaji Telefilms, Balaji Motion Pictures and ALT Entertainment के chairman होने के साथ साथ मशहूर प्रोड्यूसर एकता कपूर और अभिनेता तुषार कपूर के पिता हैं.

भारतीय फिल्मों में कामयाब पारी खेलने के लिए उन्हें 2003 में फ़िल्मफ़ेयर लाइफ़ टाइम अचीवमेंट पुरस्कार दिया गया।