संसद में इस सप्ताह

आलेख-निरेन्द्र नारायण देव, वरिष्ठ पत्रकार

इस सप्ताह संसद के बजट सत्र की कार्यवाहियों में लोकसभा द्वारा रेलवे के लिए अनुदानों की मांग का पारित किया जाना मुख्य ख़बर है। इस बहस के उत्तर में रेलमंत्री सुरेश प्रभु ने कहा कि रेलवे की स्वायत्तता से समझौता नहीं किया जाएगा। उन्होंने दावा किया कि आम बजट के साथ रेल बजट का विलय व्यय में कटौती करेगा, जिसका प्रयोग बेहतर सेवाओं तथा मूलभूत संरचनाओं के लिए किया जा सकता है। रेल मंत्री ने कहा कि रेलवे में 3,50,000 करोड़ के निवेश पर काम करना शुरू कर चुकी है। कुछ सदस्यों ने मांग की कि राजधानी तथा अन्य रेलगाड़ियों के लिए घोषित फ्लेक्सी फेयर व्यवस्था पर दोबारा विचार किया जाए। रक्षा तथा कृषि मंत्रालय के लिए अनुदानों की मांग पर भी लोकसभा में चर्चाएं हुईं।

रक्षा मंत्रालय के अनुदानों की मांग पर बहस की पहल करते हुए बीजेपी के सदस्य आर. के. सिंह ने कहा कि पाकिस्तान के आतंकी ठिकानों पर की गई सर्जिकल स्ट्राइक ने पाकिस्तान तथा विश्वभर में एक स्पष्ट संकेत दिया है कि जब राष्ट्रीय सुरक्षा का प्रश्न आएगा तो ये सरकार किसी प्रकार का समझौता नहीं करेगी। इस बहस के दौरान, पूर्व रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर छाए रहे, क्योंकि सदस्यों ने उनकी घटनाओं से भरी पारी को याद किया। अब श्री पर्रिकर गोवा के मुख्यमंत्री बन चुके हैं।

बीजू जनता दल सदस्य पिनाकी मिश्र ने कहा कि श्री पर्रिकर ने एक शानदार विचार का सुझाव दिया है। उन्होंने वर्षो से रक्षा क्षेत्रों में लैप्स पड़ें धन से एक संग्रह कोष बनाने का प्रस्ताव दिया।संसदीय मामलों के मंत्री अनंत कुमार ने भी कहा कि आतंकी ठिकानों पर की गई सर्जिकल स्ट्राइक का पूरा श्रेय जुझारू सैनिको, प्रधानमंत्री मोदी तथा पूर्व रक्षामंत्री मनोहर पर्रिकर को दिया जाना चाहिए जिन्होंने इसकी पूरी योजना बनाई। कृषि के लिए अनुदानों की मांग पर बहस का उत्तर देते हुए केन्द्रीय कृषि मंत्री राधा मोहन सिंह ने कहा कि सरकार 2022 तक किसानों की आय दोगुनी करने को लेकर दृढ़ है। बहरहाल, आरएसपी के एमपी एन.के. प्रेम चंद्रन ने मांग की कि इसके लिए सरकार को एक रूपरेखा बनानी चाहिए।

हाल ही में संपन्न विधानसभा चुनावों में बीजेपी की जीत के मुख्य शिल्पकार विजयी प्रधानमंत्री मोदी मेजों की थपथपाहट तथा जोशीले नारेबाज़ी के मध्य इस सप्ताह सदनों में आए। विधानसभा चुनावों के परिणामोंकी घोषणा 11 मार्च को हुई थी।

अस्वस्थ विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने भी दोनों सदनों की कार्यवाही में भागीदारी की। लोकसभा में लंबे अरसे बाद अपने वक्तव्य में सुश्री स्वराज ने कहा कि विदेश विशेषकर अमरीका में रहनेवाले डायसपोरा के हितों की रक्षा करने के लिए सरकार हर संभव प्रयास करेगी तथा सतर्क रहेगी। उन्होंने ये भी कहा कि अमरीका में भारतीयों पर हुए कुछ हमलों की घटनाएं इस देश के नागरिकों की मनोदशा को नहीं दर्शाती है। विदेश मंत्री ने कहा कि मछुआरों की सुरक्षा के मुद्दों का एक स्थायी समाधान तलाशने के लिए श्रीलंकाई सरकार के साथ भारत काम कर रहा है। राज्यसभा में एकअन्य वक्तव्य में स्वराज ने कहा कि पाकिस्तान की जेलों में बंद मछुआरों की सुरक्षित रिहाई की कोशिश में सरकार जुटी हुई है। राज्यसभा में विशेष रूप से गोवा तथा मणिपुर की राजनीति की चर्चा हुई। कांग्रेस सदस्यों ने गोवा तथा मणिपुर में लोकतंत्र की हत्या का दोषी बीजेपी को ठहराया तथा संक्षिप्त बयान के बाद तीन स्थगनों के लिए बाध्य किया।

उत्तर प्रदेश के ऐतिहासिक परिणाम का असर लोकसभा में दिखा जब समाजवादी पार्टी के एमपी धर्मेन्द्र यादव ने कहा कि हालांकि हम अपनी हार को स्वीकार करते हैं लेकिन सच कहने से नहीं हिचकेंगे। स्वास्थ्य मंत्री जे.पी. नड्डा ने नई स्वास्थ्य नीति 2017 का विवरण देते हुए कहा कि सरकार 2018 की समाप्ति तक कुष्ठ रोग तथा काला अज़र के ख़ात्मे के लिए एक महत्वाकांक्षी लक्ष्य निर्धारित कर चुकी है। उन्होंने कहा कि नई राष्ट्रीय स्वास्थ्य नीति, स्वास्थ्य सेवाएं तथा योगा के लिए सकल घरेलू उत्पाद का लगभग 2.5 प्रतिशत के आवंटन को सुनिश्चित करेगी राष्ट्रीय स्वास्थ्य नीति ने कई महत्वपूर्ण लक्ष्य निर्धारित किए हैं।

गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि वाम धड़े के चरमपंथियों के ख़तरे को नियंत्रित करने के लिए सरकार कोई कसर नहीं छोड़ेगी। 11 मार्च को सुकमा हमले में 12 सीआरपीएफ जवान शहीद हो गए, इस पर बयान देते हुए गृहमंत्री ने कहा कि वाम धड़े के समूहों की कुंठाओं के कारण इस प्रकार के हमले होते हैं।