विजयी विश्व तिरंगा…

विजयी विश्व तिरंगा प्यारा,
झंडा ऊंचा रहे हमारा/

सदा शक्ति बरसाने वाला,
प्रेम सुधा सरसाने वाला/

वीरों को हरषाने वाला,
मातृभूमि का तन-मन सारा।। झंडा…।/

स्वतंत्रता के भीषण रण में,
लखकर बढ़े जोश क्षण-क्षण में,

कांपे शत्रु देखकर मन में,
मिट जाए भय संकट सारा।। झंडा…।/

इस झंडे के नीचे निर्भय,
लें स्वराज्य यह अविचल निश्चय,

बोलें भारत माता की जय,
स्वतंत्रता हो ध्येय हमारा।। झंडा…।/

आओ! प्यारे वीरो, आओ।
देश-धर्म पर बलि-बलि जाओ,

एक साथ सब मिलकर गाओ,
प्यारा भारत देश हमारा।। झंडा…।/

इसकी शान न जाने पाए,
चाहे जान भले ही जाए,

विश्व-विजय करके दिखलाएं,
तब होवे प्रण पूर्ण हमारा।। झंडा…।/

विजयी विश्व तिरंगा प्यारा,
झंडा ऊंचा रहे हमारा।/

रचनाकार-

श्यामलाल गुप्त ‘पार्षद’

रचनाकाल : 1924