मित्रताको नाममा

कथाकार : श्री गुणानन्द थपलियाल  वाचक : श्री विष्णुबहादुर गुरुङ्ग

अन्तिम पत्र

कथाकार : श्री देवेन्द्र कुमार अनुवादक: श्री राजकुमार सिंह वाचक : श्री विष्णुबहादुर गुरुङ्ग...

रहर

कथाकार : श्रीमती सन्ध्या प्रधान वाचक : ​विष्णुबहादुर गुरुङ्ग

तिरपत

कथाकार : श्रीमती सरोज अन्थवाल अनुवादक एवम् वाचक : श्री विष्णुबहादुर गुरुङ्ग

माइथेबाको कसम

कथाकार : श्री रेउबेन गुरुङ्ग वाचक : श्री विष्णुबहादुर गुरुङ्ग

रस-चक्र

कथाकार : शरतचन्द्र उपाध्याय अनुवादक : डम्बरमणि प्रधान वाचक :  विष्णुबहादुर गुरुङ्ग...